फुट फुटकर रोएगा तुम्हें रुलाने वाला श्री कृष्ण कहते हैं - Kabrau Mogal Dham

फुट फुटकर रोएगा तुम्हें रुलाने वाला श्री कृष्ण कहते हैं

जो इंसान रोटी रोटी गुस्से में सब कुछ बोल देता है क्या होता है क्योंकि गुस्सा और रोना शाम को सच बोलने के लिए मजबूर कर देते हैं किसी से ज्यादा उम्मीद मत करना शिक्षा और रिश्ता दोनों नाजुक होते हैं दोनों में अंतर

सिर्फ यही है कि शीशा गलती से टूट जाता है और रिश्ता गलतफहमी से जहां गलती ना हो वहां झुको मत और जहां इज्जत ना हो वहां रुकूंगा अकेले चलना सीख लो तू गलत लोगों से उम्मीद रखने पर ही होते हैं आप खुद को

तलाश ते हैं दुनिया आपको तलाश दी है जीने का बस एक अंदाज रखो तुम्हें ना समझे उसे नजरअंदाज रखो सच ही कहा है इंसान आपका मुंह कभी नहीं समझ पाएगा इसके लिए आप हमेशा हाजिर रहते हो लड़नी पड़ती है

अपनी दर्द भरी जिंदगी यहां तने तो सब सुना देते हैं पर सच्चा सहारा कोई नहीं बनता जो आपका गुस्सा सहन करके आपका साथ ज्यादा प्यार आपको कोई नहीं कर सकता कुछ ऐसी कम करो कि आपके माता-पिता अपनी

प्रार्थना में आहे हे प्रभु हमें हर जन्म ऐसे ही संतान देना बीबी किसी का दिल ना दुखाए एक ऐसा ही दिल आपके पास भी है दिन आपने यह परवाह करनी छोड़ दी कि लोग आपके बारे में क्या सोचते हैं समझो उसे दिन से

आपकी जिंदगी का आनंद लेना शुरू कर दिया उम्मीद जिंदा रखिए आज हंसने वाले कल तालियां भी बजाएंगे कौन कब किसका और कितना यह सिर्फ वक्त बताता है बदलता है वह आगे बढ़ता है दूसरों के चेहरे पर

मुस्कुराहट देखना चाहते हैं ऊपर वाला उनकी मुस्कुराहट कभी नहीं चिंता आजकल आपका मतलब है तो जिक्र है वरना किसको किसी की क्या फिक्र है सिर्फ पैसों से ही लॉटरी नहीं लगती एक अच्छे इंसान की जिंदगी में

मिलना भी किसी लॉटरी से काम नहीं होता किसी दूसरे का दिल दुखा कर खुशियों की उम्मीद कभी मत करना को भूल गए उन्हें भूल जाने दो सबको याद करेंगे सुन के मतलब के दिन तो आने दो द्वारा डाटा गया पुत्र और

सुंदर के पिता गया सोना आभूषण नहीं बनते कभी-कभी अपने ही अपनों का तमाशा बना दे क्योंकि वह अपना कहलन के लायक नहीं होते में धोखा मिले तो उदास ना हुआ करो शुक्र मनाओ कि किसी दोगले इंसान से पिक

जो तुम्हें चाहेगा मैं तुमसे कुछ नहीं जाएगा टूट सकते हैं जिंदगी में कभी किसी को बेकार मत समझना बड़ी घड़ी भी दिन में दो चार बार सही टाइम बताती है अगर आपके कुछ अपनों ने ही आपको धोखा दिया है लीजिए आप

से उनका मतलब निकल गया आजकल जो जितना सीधा और शांत होता है उतना ही खतरनाक होता है कीजिए या जाने दीजिए मगर अपने स्वार्थ के लिए किसी का इस्तेमाल मत कीजिए दुनिया में माता-पिता ही यह कैसे

इंसान है जो चाहते हैं कि मेरे बच्चे मुझसे ज्यादा कामयाब बने धोखा खाने और दुख मिलने के बाद भी गलत रास्ते पर नहीं जाता ईमानदारी से अपना कार्य करता है ईश्वर को सबसे प्रिय होता है तुम ऐसे इंसान की जी

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